मुख्यमंत्री का पत्र लेकर घंटों कलेक्ट्रेट में भटकता रहा वृद्ध

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दमोह। शासकीय अधिकारी, कर्मचारी लोगों को इस तरह प्रताड़ित करते हैं कि वह उनसे परेशान होकर मंत्री व मुख्यमंत्री तक भी अपनी गुहार लगाने पहुंच जाते हैं, लेकिन यदि यही अधिकारी प्रदेश के मुखिया मुख्यमंत्री के आदेश को भी तवज्जो न दे तो इसमें हैरानी जरूर होगी।

ऐसा ही मामला मंगलवार दोपहर कलेक्ट्रेट में सामने आया। जब एक बुजुर्ग मुख्यमंत्री का पत्र लेकर कलक्ट्रेट पहुंचे, लेकिन वहां मौजूद कर्मचारियों ने 6 घंटे तक इस बुजुर्ग की मुलाकात कलेक्टर से नहीं करवाई गई। इस मामले में डिप्टी कलेक्टर को अवगत कराया गया तो उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने सीधे कलेक्टर को पत्र लिखा है इसलिए वह पत्र को नही खोल सकते हैं।

दरअसल मंगलवार को जनसुनवाई में पहुंचे तेंदूखेड़ा ब्लॉक के झलोन गांव निवासी 60 वर्षीय कल्लू अहिरवार ने बताया की उसकी 3 एकड़ जगह पर उसके दो भाइयों ने कब्जा कर लिया है। उसने बंटवारे के लिए लोक सेवा केंद्र में आवेदन दिया उसके बाद उसके तीन पेशी हुई लेकिन कोई सुनवाई नही हुई। इसके बाद वह एक सप्ताह पूर्व सीधे मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से मिलने भोपाल पहुंचा और अपनी समस्या बताई।

मुख्यमंत्री ने मामले के निराकरण के लिए एक पत्र कलेक्टर के नाम लिखा और कल्लू से कहा कि वह दमोह जाकर कलेक्टर को यह पत्र दे दे। मंगलवार को पीड़ित यह पत्र लेकर सुबह 9:00 बजे कलेक्ट्रेट पहुंचा और उसने वहां मौजूद कर्मचारियों को बताया कि वह मुख्यमंत्री का पत्र लेकर आया है कलेक्टर को देना है, लेकिन कर्मचारियों ने मुलाकात नहीं करवाई। दोपहर एक बजे तक वृद्ध चैनल गेट पर आस लगाए बैठा रहा कि कब कलेक्टर उसे मिलने के लिए बुलाएंगे।

मीडिया को उसने अपनी समस्या बताई और मीडिया कर्मियों ने डिप्टी कलेक्टर नाथूराम गोड के पास वृद्ध को खड़ा कर दिया। उन्हें बताया कि वृद्ध का मुख्यमंत्री का पत्र लेकर आया है। यह सुनते ही डिप्टी कलेक्टर ने पत्र लेने से मना कर दिया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने पत्र सीधे कलेक्टर के नाम लिखा है इसलिए वह इसे नहीं ले सकते और न ही खोल सकते हैं। कलेक्टर लगातार मीटिंग में व्यस्त रहे ओर दोपहर दो बजे तक वृद्ध की मुलाकात कलेक्टर से नहीं हो पाई। इसके बाद वहां उपस्थित कर्मचारियों को मीडियाकर्मियों ने बताया कि पीड़ित मुख्यमंत्री का पत्र लेकर आया है जो उसे कलेक्टर को देना है। कर्मचारियों ने कहा कि कलेक्टर महोदय जैसे ही फ्री होते हैं वृद्ध की मुलाकात उनसे करवा देंगे।