कांग्रेस की बड़ी चूक, सदस्यता अभियान के तहत कांग्रेस ने 2019 में भेज दिए 2011 के सदस्यता फॉर्म

Whatsapp

मध्य प्रदेश: बीजेपी पूरे देश में सदस्यता अभियान चला रही है। वहीं मध्य प्रदेश में सदस्यता अभियान गड़बड़ियों से भरा हुआ है। दरअसल, पार्टी मुख्यालय पीसीसी से जो सदस्यता अभियान के फॉर्म पूरे प्रदेश में भेजे गए हैं वो पुरानी तारीख के हैं। ये फॉर्म साल 2011 के हैं जोकि पूरे प्रदेश भर में साल 2019 के सदस्यता अभियान के लिए भेज दिए गए हैं। ये फॉर्म एक या दो नहीं है बल्कि पूरे 15 लाख हैं।
दरअसल, बीजेपी ने जो सदस्यता अभियान चलाया है इसकी कमान मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यामंत्री शिवराज सिंह चौहान को सौंपी गई है। बीजेपी पार्टी ने जहां नए सदस्य बनाने के मिशन में जुटी है वहीं कांग्रेस ने जो सदय्ता अभियान चलाया है उसमें भारी गलती कर दी है। क्योंकि पार्टी ने सदस्यता के लिए जो फॉर्म भेजे हैं वो 9 साल पुराने हैं। आपको बता दें कि कांग्रेस ने अगले पांच साल के लिए पार्टी का सदस्यता अभियान चलाया है। नए मेंबर 2019 से लेकर अगले पांच साल के लिए बनाए जाएंगे। सदस्यता अभियान के जो आवेदन फार्म जारी हुए हैं वह साल 2011 से 2019 की सदस्यता के लिए हैं, हो सकता है कि ये फॉर्म शायद 2011 की सदस्यता अभियान के लिए चलाए फॉर्म हों जोकि उस वक्त बच गए थे। अब इन्हें ठिकाने लगाया जा रहा है। सिर्फ सदस्यता फॉर्म ही गड़बड़ी नहीं है, फॉर्म में सदस्य की जाति से लेकर पोलिंग बूथ तक के संबंध में सवाल पूछे जा रहे हैं।
फॉर्म में पूछे गए सवाल
सदस्यता लेने वाले की जाति
स्थायी पता
व्यवसाय
मोबाइल नंबर
बूथ कमेटी
ब्लाक का नाम
सदस्यता लेने वाले के संबंध में जिला कांग्रेस कमेटी की टिप्पणी शामिल है।

कांग्रेस ने सदस्यता के लिए पांच रुपए का शुल्क रखा है। वहीं बीजेपी ने मिस्ड काल के जरिए प्रदेश में दो करोड़ बीस लाख सदस्य बनाने के लक्ष्य रखा है।