नानपुर थाने में पुलिसकर्मियों ने युवकों को बुरी तरह पीटा, TI समेत 3 आरक्षक निलंबित

अलीराजपुर: मध्य प्रदेश के अलीराजपुरा थाने में पुलिस द्रारा नाबालिग समेत पांच युवकों के साथ बर्बरता पूर्वक मारपीट करने का मामला सामने आया है। वहीं, इस घटना के बाद आक्रोशित परिजनों ने थाने का घेराव किया। घटना की सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंचे एसपी ने नानपुर थाना प्रभारी और तीन आरक्षकों को निलंबित कर दिया है। इसके बाद भी जिला कांग्रेस अध्यक्ष के साथ ग्रामीणों ने रैली निकाल मारपीट करने वाले पुलिसकर्मियों को बर्खास्त करने का आवेदन एसपी को दिया।

दरअसल, विश्व आदिवासी दिवस के मौके पर नानपुर के पांच आदिवासी युवक फाटा डेम गए थे। वहां उनकी नानपुर पुलिस के साथ कुछ कहासुनी हो गई। बात इतनी बढ़ी कि युवकों और पुलिस के बीच विवाद हो गया। इसके बाद नानपुर पुलिस ने पांचों युवकों के खिलाफ मामला दर्ज कर युवकों को गिरप्तार कर लिया। इसके बाद उनके साथ जमकर मारपीट की गई। मामले की जानकारी मिलते ही ग्रामीणों ने थाने पहुंचकर जमकर हंगामा किया। एसपी को सौंपे गए आवेदन में आवेदक कैलाश पिता वेस्ता निवासी खारकुआं ने बताया कि मेरे पुत्र आदित्य, राहुल पिता भेरूसिंह, नीतेश पिता राजू, विकास पिता कैलाश और यशवंत पिता बलवंत को पुलिस ने शुक्रवार को गिरफ्तार किया। टीआई दिनेश चौंगड़, आरक्षक विजय, राहुल, मनोहर व एक अन्य ने बुरी तरह मारपीट की। बेटे सहित सभी को जिला अस्पताल में भर्ती किया गया। उनसे चलते भी नहीं बन रहा था। पुलिसकर्मियों ने उन्हें पेशाब भी पिलाया।

वहीं, युवक से मारपीट करने वाले आरोपी की शनिवार को बेलगढ़ा थाने में पुलिस हिरासत में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। थाने से पुलिसकर्मी मारपीट के आरोपी सुरेश रावत पुत्र गोविंद रावत को अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।  घटना से आक्रोशित परिजन ने करैरा तिराहा पर शव रखकर चक्काजाम कर दिया। मामले को गंभीरता से लेते हुए एसपी ने थाना प्रभारी और तीन आरक्षकों को निलंबित कर दिया गया है। वहीं युवकों पर भी पुलिस ने मारपीट के मामले में प्रकरण दर्ज किया है। विधायक व कांग्रेसियों ने गृहमंत्री से सख्त कार्रवाई की मांग की।